पर वो तारा नहीं टूटता ,जिसे देखकर तुम्हें मांग लूँ
कुछ रिश्ता अधूरा रह जाए तो अच्छा है, कम से कम तन्हाई में उसका एहसास तो होता है।
तू पास हो या दूर, क्या फ़र्क पड़ता है, दिल तो हर हाल में तेरा ही रहेगा।
तुम्हारे बिना जीना कोई जीने से कम नहीं,
दर्द जब हद से गुज़र जाता है, तो आंसू भी साथ छोड़ देते हैं।
अब तेरी खामोशी में भी दर्द महसूस होता है…!!!
ਮੋਹ ਮਾਇਆ ਵੱਲ ਨਹੀਂ ਰੱਬਾ ਤੂੰ ਆਪਣੇ ਵੱਲ ਖਿੱਚ
हमारी खामोशी को कभी तुमने आवाज़ नहीं दी…!!!
न जाने कौन सी सजा दे गई मोहब्बत मुझको, कि तेरा होते हुए भी तेरा नहीं हूँ।
खुश रहना था हमें, पर अब तो बस तुझे खोने का डर है,
जैसे दिल की धड़कन को कोई सुनने वाला नहीं है…!!!
दर्द ही सही, पर तेरा एहसास तो है, जो मेरे साथ नहीं, फिर भी मेरे पास तो है।
क्योंकि तेरे बिना मेरी दुनिया भी सून होती Sad Shayari जा रही है।
दिल के ज़ख़्म फिर से ताज़ा हो जाते हैं।